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मोटीवेशनल

बदलाव की ओर
2026

प्रकाशक - अद्विक पब्लिकेशन

'बदलाव की ओर' लक्ष्य वही निर्धारित करते हैं जिन्हें अपने सपनों को हकीक़त में बदलने की हिम्मत होती है। इसके बावजूद मंज़िल पाने के लिए लगातार मेहनत हुए कभी-कभार कदम थकने लगते हैं। दौड़भाग से कुछ पल का आराम स्वंय को रीचार्ज करने के लिए आवश्यक होता है। आराम के बाद जल्दी ही पूरे जोश के साथ आगे की यात्रा के लिए कदम बढ़ाने होते हैं। जब-जब विश्राम लंबा खिंचने लगे ऐसे समय में मोटीवेशन की ज़रूरत महसूस होती है। सच्चाई यह है कि आगे बढ़ने की ललक हमारे भीतर होती है उसे कहीं से सही मार्गदर्शन मिल जाए तब सफलता हासिल करना संभव हो जाता है। उसी जोश जगाने वाले, आगे बढ़ने को प्ररित करने वाले एक सच्चे दोस्त की ज़रूरत मंज़िल की ओर कदम बढ़ाने वाले हर इंसान को होती है। 'बदलाव की ओर' पुस्तक आपको आगे बढ़ने, अपने सपनों को सच में बदलने के लिए प्रेरित करेगी। लक्ष्य प्राप्त करने के लिए किस तरह प्रयास करने हैं, अपने मन को भटकाव से हटाकर मंज़िल पर नज़र रखने के लिए प्रेरित करेगी। यह पुस्तक अपने भीतर वर्ष भर की तैयारी का कदम-दर-कदम लेखा-जोखा समेटे हुए है। लक्ष्य प्राप्ती का सपना देखने वालों के लिए यह एक महत्वपूर्ण पुस्तक है।

लक्ष्य की ओर
2024
प्रकाशक - अद्विक पब्लिकेशन

आपने लक्ष्य निर्धारित कर लिया है। अब सवाल उठता है कि लक्ष्य तक पहुंचने की तैयारी कैसे करनी है? वह कौनसा रास्ता है जो भटकाव से दूर रहकर सिर्फ और सिर्फ आपको लक्ष्य प्राप्त करने के लिए प्रेरित करता रहे। यह और ऐसी तमाम उलझनों को सुलझाने के लिए आपने सही पुस्तक का चुनाव किया है। 'लक्ष्य की ओर' पुस्तक आपकी जिज्ञासाओं के जवाब देने और आगे बढ़ने की राह के लिए सही चुनाव है। इस पुस्तक में बताए गए सूत्रों को ध्यान में रखकर आपके लिए सफलता की सीढ़ियां चढ़ना आसान होगा। मोटीवेशनल पुस्तक 'लक्ष्य की ओर' आपको कदम दर कदम आगे बढ़ने के सूत्र समझाते हुए आपकी सफलताओं की साक्षी बनने वाली है।

अब मंजिल मेरी है
2020
प्रकाशक - अद्विक पब्लिकेशन

मंज़िल पर पहुँचना हर इंसान का सपना होता है। जो लोग अपने सपनों की मंज़िल पाना चाहते हैं, वे मेहनत करना भी जानते है। परन्तु मेहनत कैसे, किस दिशा में, और कितनी करनी है, यह जानना सबसे महत्वपूर्ण है। अब सवाल उठता है कि क्या हर मेहनतकश को मंज़िल मिल जाती है? इस सवाल का जवाब आपको वन्दना यादव की मोटीवेशनल पुस्तक 'अब मंज़िल मेरी है' में मिलेगा। अपनी मंज़िल पर पहुँचने के लिए तैयारी कैसे करें, कठिन रास्ते को अपनी मेहनत से आसान कैसे बनाएं? मेहनत के दम पर जिन लोगों ने अपनी पहचान बनाई, जिन्होंने विपरीत परिस्थितियों में जीत हासिल की उनके संघर्ष कैसे थे? यह, और सफल होने के सफर से जुड़े अनेक सवालों, जिज्ञासाओं के जवाब जानने के लिए इस मोटीवेशनल पुस्तक को पढ़ा जाना चाहिए।

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